MG Motor India

Auto Expo 2023 Updates: ऑटो एक्सपो 2023 में एमजी मोटर इंडिया ने Drive Ahead नाम से फ्यूचर मोबिलिटी के लिए अपनी कॉन्सेप्ट को अनवील किया है। कंपनी ने एमजी 4 ईवी, एमजी 5 ईवी जैसे अपने 14 प्रोडक्शन-रेड़ी व्हीकल की एक लाइनअप शोकेस किया।

इंडियन मार्केट के अनुकूल हैं सभी प्रोडक्ट-

एमजी मोटर इंडिया के अनुसार ये वाहन भारतीय बाजार के लिए उनके हिसाब से कंपनी के फोकस को दर्शाते हैं। इन सभी वाहनों में कंपनी की ड्राइव.अहेड की थीम शामिल है, जो पर्यावरण के अनुकूल और भविष्य की तकनीकों और वाहनों पर केंद्रित है।

ग्लोबली भी किए हैं लॉन्च-

एमजी मोटर ने ऑटो एक्सपो 2023 में ज़ीरो-एमिशन ईवी शोकेस किए। इनमें एमजी4, एक प्योर-इलेक्ट्रिक हैचबैक ईवी और एमजी ईएचएस, एक प्लग-इन हाइब्रिड एसयूवी शामिल हैं। MG4 EV हैचबैक जो पांच अलग-अलग चार्जिंग ऑप्शन से लैस है, जिसमें 12V पोर्टेबल चार्जर, AC और DC चार्जिंग दोनों शामिल हैं, और जर्मनी, फ्रांस, यूनाइटेड किंगडम, इटली, स्पेन, नॉर्वे और सहित 20 से अधिक यूरोपीय बाजारों में बेचा जाता है।

MG EHS-

एमजी ईएचएस प्लग-इन हाइब्रिड परफॉर्मेंस फोकस्ड हाइब्रिड है। इसमें एक इलेक्ट्रिक ड्राइवट्रेन है, जिसमें एक इलेक्ट्रिक मोटर, एक बैटरी पैक और एक शक्तिशाली पेट्रोल इंजन शामिल है जो इष्टतम दक्षता, शक्ति और सीमा के लिए एक साथ काम करते हैं। हाइब्रिड 258ps का संयुक्त पावर आउटपुट देता है जो इसे केवल 6.9 सेकंड में 100km/h की स्पीड प्राप्त करने में मदद करता है।

कंपनी ने कही ये बात-

एमजी मोटर इंडिया के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक राजीव चाबा ने कहा कि कंपनी का लक्ष्य एक ऐसे स्ट्रक्चर का निर्माण करना है जहां माइंडफुलनेस और कॉन्सियसनेस जीवन का एक तरीका हो। उन्होंने कहा, “यहां शोकेस किए गए प्रोडक्ट्स की हमारी ईवी और एनईवी रेंज भारत में ग्रीन मोबिलिटी को तेजी से अपनाने की दिशा में एमजी की कमिटमेंट और कोशिशों को प्रदर्शित करती है।”

कंपनी के अनुसार उन्होंने 2020 में अपने जेडएस ईवी के लॉन्च के साथ देश में ईवी अपनाने को बढ़ावा देने की अपनी प्रतिबद्धता का प्रदर्शन किया है। इसके लॉन्च के बाद से, जेडएस ईवी का पर्यावरण पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा है, जिससे लगभग 70 लाख किलोग्राम सीओ2 उत्सर्जन को रोका जा सका है। यह लगभग 42,000 से अधिक पेड़ लगाने के बराबर है। कंपनी का मानना ​​है कि देश में ईवी अपनाने को बढ़ावा देने का सबसे अच्छा तरीका एक सहायक ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करना है जो ईवी को सपोर्ट करेगा।