mp weather : मौसम विभाग के अनुसार, राजधानी भोपाल समेत प्रदेश के कई जिलों में मौसम में बदलाव गुरुवार से हो सकता है। अभी लोगों को राहत मिलेगी, लेकिन 24 जनवरी के बाद एक बार फिर से कड़ाके की ठंड पड़ेगी। भोपाल में 4 साल बाद जनवरी में इतनी ज्यादा ठंड पड़ी है। इस साल जनवरी महीने का पहले 15 दिनों का तापमान 10 डिग्री सेल्सियम से नीचे रहा। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार को तापमान में वृद्धि की संभावना है।

बारिश के भी आसार

मध्य प्रदेश में बुधवार काे मध्य प्रदेश में सबसे कम 2.2 डिग्री सेल्सियस तापमान दतिया में दर्ज किया गया। दतिया, ग्वालियर, रायसेन, छतरपुर,रीवा, सागर एवं उमरिया में शीतलहर रही। मौसम विज्ञानियाें के मुताबिक वर्तमान में एक पश्चिमी विक्षाेभ पाकिस्तान के आसपास बना हुआ है। इसके प्रभाव से हवा का रुख बदलने से शुक्रवार से तापमान में बढ़ाेतरी हाेने लगेगी। चार दिन बाद मध्य प्रदेश में कहीं-कहीं बारिश भी हाे सकती है।

मौसम विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी के मुताबिक पिछले 24 घंटाें के दौरान मध्य प्रदेश के सभी संभागाें के जिलाें में मौसम मुख्यत: शुष्क रहा। बुधवार काे न्यूनतम तापमान नर्मदापुरम और शहडाेल संभाग के जिलाें में काफी गिरे एवं शेष संभागाें के जिलाें में काेई विशेष परिवर्तन नहीं हुआ। न्यूनतम तापमान शहडाेल, भाेपाल, उज्जैन, रीवा, सागर और ग्वालियर संभाग के जिलाें में सामान्य से काफी कम रहे। इंदौर और नर्मदापुरम संभाग के जिलाें में सामान्य से कम एवं जबलपुर संभाग के जिलाें में सामान्य रहे।

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मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्व वरिष्ठ मौसम विज्ञानी अजय शुक्ला ने बताया कि हवा का रुख लगातार उत्तरी बना रहने से पूरे प्रदेश में ठिठुरन बरकरार है। वर्तमान में एक पश्चिमी विक्षाेभ पाकिस्तान के आसपास बना हुआ है। ट्रफ के रूप में सक्रिय यह मौसम प्रणाली कमजाेर है। इसके प्रभाव से गुरुवार से हवा का रुख बदलने से शुक्रवार से तापमान में बढ़ाेतरी हाेने लगेगी। उधर एक अन्य पश्चिमी विक्षाेभ अभी ईरान के आसपास है। उसके असर से 24 जनवरी से मध्य प्रदेश के ग्वालियर, चंबल,रीवा, सागर एवं भाेपाल संभाग के जिलाें में कहीं-कहीं बारिश भी हाे सकती है।