Dahi Chuda Benefits
Dahi Chuda Benefits

Dahi Chuda Benefits: मकर संक्रांति पर तिल गुड़ के लड्डू, दही चूड़ा, खिचड़ी खाना, दान-पुण्य, गंगा स्नान की परंपरा है। भारत में ये त्योहार अलग -अलग जगह अलग -अलग तरीके से मनाया जाता है। लेकिन इसमें सबसे विशेष है दही-चूड़ा खाना। दही चूड़ा हेल्थ के लिए भी फायदेमंद है।

दही को आयुर्वेद में पेट संबंधी परेशानियों से निपटने का तरीका माना गया है। इसके पोषक तत्वों की वजह से यह हेल्दी डाइट का हिस्सा माना जाता है। पाचन में सुधार, वेट लॉस, स्वस्थ हृदय, मजबूत इम्युनिटी, स्वस्थ बाल और चमकती त्वचा जैसे लाभ के वजह से आप में से बहुत से लोग दही का सेवन करते हैं।

डॉक्टर भी दही चूड़ा खाने की सलाह देते हैं। दही चूड़ा खाने में स्वादिष्ट तो लगता ही है और ये जल्दी से तैयार भी हो जाता है। आप नाश्ते में या खाने में दही चूड़ा फटाफट बनाकर खा सकते हैं, यह ना सिर्फ आपका पेट भरता है बल्कि पचाने में भी आसान होता है। दिन भर आप को एनर्जेटिक बनाए रहता है। यह सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होता है।

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दही चूड़ा से सेहत को मिलने वाले फायदे-

गुड बैक्टीरिया मौजूद होते हैं जो हमारे डाइजेस्टिव सिस्टम को दुरुस्त रखने का काम करते हैं इस नाश्ते के सेवन से इंस्टेंट एनर्जी मिलती है कब्ज गैस की प्रॉब्लम नहीं होती है। चूड़ा बहुत सारे प्रोसेसिंग प्रक्रिया से नहीं गुजरता इसलिए इसमें न्यूट्रिशन बने रहते हैं। फाइबर इसमें भरपूर पाया जाता है जो भोजन को पचाने के लिए बहुत बड़ा योगदान देता है।
दही चूड़ा खाने से आपका पेट लंबे समय तक भरा रहता है, जिससे आप बेवजह किसी चीज को नहीं खाते, आपको खाने की क्रेविंग नहीं होती है और आपका वजन भी नियंत्रित रहता है।

बैड कोलेस्ट्रॉल घटाने में मदद करता है-

ये तुरंत ऊर्जा बढ़ाता है। बैड कोलेस्ट्रॉल घटाने में मदद करता है जिस कारण हार्ट हेल्थ के लिए भी काफी फायदेमंद है।
दही चूड़ा को गन्ने के रस के साथ मिलाकर खाने से आपको बहुत फायदे मिल सकते हैं। यह फिजिकल हेल्थ के साथ-साथ मेंटल हेल्थ को भी मजबूत बनाता है। मस्तिष्क की ग्लूकोस आपूर्ति में सुधार करता है ऊर्जा के स्तर को बढ़ाता है और पूरे दिन हाइड्रेट रखता है।

गुड़ मेटाबॉलिज्म को दुरुस्त करता है-

दही चूड़ा के साथ थोड़ा सा गुड़ मिलाने से मेटाबॉलिज्म दुरुस्त होता है। यह शरीर के तापमान को भी बनाए रखता है. दही के साथ गुड़ मिलाकर खाने से एनीमिया जैसी बीमारी से बचाव होता है। अगर आप नमक के साथ दही चूड़ा खा रहे हैं तो ये पाचन को बढ़ावा देने में मददगार है। नमक एंटीबैक्टीरियल गुणों वाला होता है जो बैक्टीरियल ग्रोथ को रोकता है।

आपका पेट खराब है, आप दस्त की समस्या से परेशान हैं तो आपको दही चूड़ा खाना चाहिए, बस ध्यान रहे कि इसमें शक्कर ना डालें। गुड़ का इस्तेमाल करें इससे आपको बेहतर रिजल्ट मिल सकते हैं। दही चूड़े की सबसे अच्छी बात है कि इसमें कैलोरी भी कम रहती है इसमें मात्र 300 कैलोरी मौजूद होती है जो आपको सेहतमंद बनाए रखने में मदद कर सकती है।

रात को दही खाना है सभी के लिए अनहेल्दी-

आयुर्वेद के अनुसार, प्रत्येक व्यक्ति पांच तत्वों से बना है, जो प्रकृति के निर्माण खंड हैं: पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और अंतरिक्ष। स्वास्थ्य इन पांच तत्वों का संतुलन है। जब कोई तत्व खराब हो जाता है, तो रोग होता है। हालांकि, प्रत्येक व्यक्ति में प्रत्येक तत्व समान नहीं होता है। संतुलन बदलता रहता है और यही वह अद्वितीय संतुलन है जिस पर भोजन करते समय विचार करना चाहिए।